बाराबंकी के सतरिख स्थित हज़रत सैयद सालार साहू गाजी “बूढ़े बाबा” दरगाह का 5 दिवसीय पारंपरिक मेला प्रशासनिक अनुमति न मिलने के कारण स्थगित कर दिया गया। श्रद्धालुओं को सूचना जारी।

बाराबंकी, उत्तर प्रदेश | 04 मई 2026
उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले के सतरिख कस्बे में स्थित राष्ट्रीय एकता और सौहार्द की प्रतीक दरगाह शरीफ हज़रत सैयद सालार साहू गाजी (रह०), जिसे आम तौर पर “बूढ़े बाबा” दरगाह के नाम से जाना जाता है, वहां हर वर्ष जेष्ठ माह में आयोजित होने वाला पारंपरिक पांच दिवसीय मेला इस बार स्थगित कर दिया गया है।
यह मेला 06 मई 2026 से 10 मई 2026 तक बड़े मंगल के बाद आयोजित होना प्रस्तावित था।
प्रशासनिक अनुमति न मिलने से मेला रद्द
दरगाह की प्रबंध समिति के सचिव चौधरी कलीम उद्दीन उस्मानी ने बताया कि प्रशासनिक अनुमति न मिलने के कारण इस वर्ष मेला आयोजित नहीं किया जाएगा।
🔹 एसडीएम ने निरस्त की अनुमति
तहसील नवाबगंज की उप जिलाधिकारी द्वारा इस पारंपरिक मेले की अनुमति निरस्त कर दी गई, जिसके चलते वक्फ प्रबंध समिति को यह निर्णय लेना पड़ा।

श्रद्धालुओं को दी जा रही सूचना
दरगाह प्रबंधन द्वारा मेले के स्थगन की जानकारी श्रद्धालुओं तक पहुंचाने के लिए प्रेस विज्ञप्ति और वीडियो के माध्यम से सूचना जारी की जा रही है।
🔹 हर साल लगता है भव्य मेला
यह मेला सैकड़ों वर्षों से आयोजित होता आ रहा है, जिसमें दूर-दूर से श्रद्धालु पहुंचते हैं और यह क्षेत्र की धार्मिक आस्था का प्रमुख केंद्र माना जाता है।

सौहार्द और एकता की प्रतीक है दरगाह
दरगाह शरीफ हज़रत सैयद सालार साहू गाजी केवल धार्मिक स्थल ही नहीं, बल्कि सामाजिक सौहार्द और भाईचारे की मिसाल भी है।
🔹सभी धर्मों के लोग करते हैं शिरकत
इस मेले में विभिन्न समुदायों के लोग शामिल होकर आपसी भाईचारे का संदेश देते रहे हैं।
प्रशासन के फैसले पर नज़र
सतरिख में आयोजित होने वाला यह ऐतिहासिक मेला इस बार स्थगित होने से श्रद्धालुओं में निराशा है। अब सभी की नजर प्रशासन के अगले फैसले पर है कि क्या भविष्य में इस परंपरा को फिर से शुरू किया जा सकेगा।
रिपोर्ट – मंसूफ़ अहमद













