Barabanki: महाशिवरात्रि पर लोधेश्वर महादेवा में दो से तीन लाख श्रद्धालुओं ने किया दर्शन-पूजन
बाराबंकी के लोधेश्वर महादेवा मंदिर में महाशिवरात्रि पर दो से तीन लाख श्रद्धालुओं ने दर्शन किए। डीएम शशांक त्रिपाठी और एसपी अर्पित विजयवर्गीय ने रात्रि भ्रमण कर सुरक्षा व व्यवस्थाओं की समीक्षा की। मेला क्षेत्र और बुढ़वल स्टेशन पर कड़े इंतजाम।

बाराबंकी, उत्तर प्रदेश | 15 फरवरी 2026
उत्तर भारत के सुप्रसिद्ध तीर्थ स्थल लोधेश्वर महादेवा धाम (Lodheshwar Mahadeva Temple) में महाशिवरात्रि पर्व के अवसर पर श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा। “हर-हर महादेव” के जयघोष, धूप-दीप की सुगंध और घंटों की ध्वनि से पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा। कांवरियों की आस्था देखते ही बन रही थी। मंदिर के कपाट श्रद्धालुओं के लिए खुले रहे, जिससे दर्शन की व्यवस्था सुचारु रूप से संचालित होती रही।
डीएम-एसपी ने किया रात्रि भ्रमण
देर रात करीब 12 बजे जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी (Shashank Tripathi) और पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय (Arpit Vijayvargiya) महादेवा पहुंचे और मेला क्षेत्र का निरीक्षण किया। अपर पुलिस अधीक्षक सहित अधिकारियों ने रात में ही पूरे मेले का भ्रमण कर व्यवस्थाओं की समीक्षा की और आवश्यक सुधार के निर्देश दिए।
यात्रा मार्ग पर पुल, बैरिकेडिंग, रूट डायवर्जन, वैकल्पिक मार्ग, पार्किंग, राष्ट्रीय राजमार्ग पर प्रकाश व्यवस्था, पुलिस पिकेट व पेट्रोलिंग को लेकर विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए गए।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम
मेला क्षेत्र में बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था देखने को मिली। विभिन्न थानों के प्रभारी और क्षेत्राधिकारी अपने-अपने दायित्वों के साथ तैनात रहे। मंदिर परिसर, बाहरी गेट, बैरिकेडिंग प्वाइंट और मुख्य मार्गों पर पुलिस बल की तैनाती रही।
बाराबंकी (Barabanki) प्रशासन के अनुसार इस वर्ष दो से तीन लाख श्रद्धालुओं ने दर्शन-पूजन किया। हालांकि भीड़ पिछले वर्ष की तुलना में कुछ कम बताई गई। मेला पिछले 10 दिनों से संचालित है और देर रात तक श्रद्धालुओं का आना-जाना जारी रहा।

रेलवे स्टेशन पर भी सतर्कता
बुढ़वल रेलवे स्टेशन (Burhwal Railway Station) परिसर में भी कांवरियों की आवाजाही को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए। आरपीएफ और जीआरपी की टीमों ने प्लेटफॉर्म से बाहर तक निगरानी रखी और यात्रियों को सुरक्षित ट्रेनों में बैठाया।
मानवता की मिसाल
मेला ड्यूटी के दौरान एक महिला की 12 वर्षीय बेटी भीड़ में बिछड़ गई। पुलिस अधिकारी ने तत्परता दिखाते हुए बच्ची को तलाश कर उसे परिजनों से मिलाया। इस संवेदनशील पहल की श्रद्धालुओं ने सराहना की।
महाशिवरात्रि के अवसर पर लोधेश्वर धाम में भक्ति, सुरक्षा और सुव्यवस्था का समन्वय देखने को मिला। प्रशासन और मंदिर समिति के सहयोग से श्रद्धालुओं ने शांतिपूर्ण ढंग से पूजा-अर्चना की।
रिपोर्ट – आसिफ हुसैन















