UP News: पति के फोन पर आया ‘मुर्दा’ पत्नी का OTP…जाने पूरा मामला
- बस्ती से रहस्यमयी परिस्थितियों में लापता प्रियंका दो साल बाद राजस्थान में आधार अपडेट के दौरान आए OTP से बरामद हुई।
- पति के मोबाइल पर OTP आने के बाद पुलिस ने तकनीकी ट्रेसिंग कर महिला को खोज निकाला।
- दो साल से बेटी की कथित हत्या का कलंक झेल रहे थे माता-पिता

बस्ती, उत्तर प्रदेश | 16 फरवरी 2026
उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां दो साल पहले रहस्यमयी परिस्थितियों में लापता हुई जिस महिला की हत्या के आरोप के माता-पिता जेल और कोर्ट की दौड़ लगा रहे थे, उसे पुलिस ने राजस्थान से जिंदा बरामद कर लिया। इस पूरे नाटकीय घटनाक्रम में आधार वेरिफिकेशन सिस्टम और एक OTP (0ne-Time Password) ने अहम भूमिका निभाई।
यह मामला दिखाता है कि कैसे डिजिटल तकनीक और पहचान सत्यापन प्रणाली आपराधिक जांच में बड़ा मोड़ ला सकती है।
दो साल पहले ऐसे लापता हुई प्रियंका
मिली जानकारी के अनुसार, कप्तानगंज थाना क्षेत्र के पिलखाए गांव की प्रियंका प्रजापति की शादी 2017 में बस्ती के संदीप के साथ हुई थी। 8 साल तक सब कुछ सामान्य रहा, दोनों के एक बेटा भी हुआ। लेकिन इसके बाद रिश्तों में खटास आ गई। 1 जुलाई 2024 को प्रियंका लाखों के जेवरात बटोर कर मायके पहुंची और फिर कुछ ही घंटों बाद बच्चे को लेकर घर से निकल गई।
कई बार आत्महत्या की कोशिश में नाकाम रहने के बाद वो अयोध्या पहुंची, जहां उसकी मुलाकात राजस्थान के मंगल चंद्र से हुई। यही से उसकी जिंदगी की नई शुरुआत हुई और मंगल चंद्र के साथ राजस्थान जाकर वो पति-पत्नी की तरह रहने लगीं।
2024 में कोर्ट के आदेश पर दर्ज हुई हत्या की FIR
प्रियंका के अचानक लापता होने से पति संदीप परेशान था। उसे कुछ लोगों के बता दिया कि तुम्हारे ससुर ने प्रियंका और उसके बच्चे की हत्या कर शव सरयू में बहा दिया।
इसके बाद संदीप कोर्ट पहुंचा और 4 नवंबर 2024 को कोर्ट के आदेश पर कप्तानगंज थाने में प्रियंका के पिता दयाराम, माता सुभावती देवी, चचेरी बहन संजना और गांव के ही अशोक मौर्य के ख़िलाफ़ हत्या और सबूत मिटाने का गंभीर केस दर्ज हो गया। इस तरह दो साल तक प्रियंका के माता-पिता व दो अन्य निर्दोष अपनी ही बेटी की कथित हत्या के कलंक से जूझते रहे।
आधार अपडेट के दौरान आया ‘बड़ा ट्विस्ट’
मामले में नया मोड़ तब आया जब राजस्थान में रह रही प्रियंका प्रजापति अपना आधार कार्ड अपडेट कराने एक स्थानीय केंद्र पहुंची। उसे यह ध्यान ही नहीं रहा कि उसका आधार कार्ड अब भी उसके पति संदीप के मोबाइल नंबर से लिंक है।
जैसे ही ऑपरेटर ने अपडेशन की प्रक्रिया शुरू की, संदीप के मोबाइल पर प्रियंका के आधार कार्ड में नाम-फोटो अपडेट करने के लिए एक OTP फ्लैश हुआ। यही OTP इस रहस्य की सबसे बड़ी चाबी साबित हुआ क्योंकि OTP देखकर संदीप को शक़ हुआ और उसने बिना समय गंवाए पुलिस को अलर्ट कर दिया।
इसके बाद ट्रेसिंग तकनीक के जरिए पुलिस राजस्थान पहुंची और दो साल तक फाइलों में मृत रही प्रियंका को जिंदा बरामद कर लिया।
अब नए पति के साथ रहेगी प्रियंका
पुलिस रिकॉर्ड में अब जिंदा प्रियंका के सामने एक और संकट खड़ा हो गया है। उसके बेटे ने उसे मां मानने से इनकार कर दिया, दो साल तक हत्या के आरोप झेलते रहे माता-पिता ने उसे साथ रखने से इनकार कर दिया, और पति संदीप अब उसे साथ रखना नहीं चाहता। प्रियंका ने भी स्पष्ट कह दिया है कि वह अब अपने दूसरे पति मंगल चंद्र के साथ ही रहना चाहती है।
मामले की दोबारा जांच जारी
एएसपी श्यामकांत के अनुसार 2024 में हत्या का केस कोर्ट के आदेश पर दर्ज हुआ था। अब प्रियंका को जिंदा पाया गया है और उसका कोर्ट में बयान हो चुका है। मामले की दोबारा जांच जारी है। बच्चे की कस्टडी को लेकर भी कानूनी प्रक्रिया चल रही है।
रिपोर्ट – नौमान माजिद













