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Barabanki: पुलिस के लिए गेम चेंजर बना AI आधारित ‘यक्ष एप’, मंदिर में हुई चोरी का खुलासा, हिस्ट्रीशीटर आरोपी गिरफ्तार

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Barabanki: AI आधारित ‘यक्ष एप’ की मदद से मंदिर चोरी का खुलासा, पुलिस ने हिस्ट्रीशीटर आरोपी को किया गिरफ्तार।

आरोपी से लखनऊ की चोरी का भी हुआ खुलासा, पढ़ें पूरी खबर।

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बाराबंकी, उत्तर प्रदेश | 03 अप्रैल 2026

बाराबंकी, उत्तर प्रदेश में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित ‘यक्ष एप’ के जरिए पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। इस आधुनिक तकनीक की मदद से मंदिर में हुई चोरी के मामले का खुलासा करते हुए पुलिस ने एक हिस्ट्रीशीटर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। खास बात यह है कि आरोपी से पूछताछ के दौरान लखनऊ में हुई एक अन्य चोरी का भी खुलासा हुआ है।

खाटू श्याम मंदिर में हुई थी बड़ी चोरी

यह मामला 31 मार्च का है, जब सतरिख क्षेत्र के मंजीठा स्थित खाटू श्याम मंदिर में चोरी की वारदात को अंजाम दिया गया। चोरों ने मंदिर के दान पात्र को तोड़ दिया और परिसर में बने एक कमरे से नकदी, मोबाइल फोन, पर्स और चाबी सहित करीब 5 लाख रुपये का सामान चोरी कर लिया।

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CCTV फुटेज से AI ने की आरोपी की पहचान

जांच के दौरान पुलिस को CCTV फुटेज में एक संदिग्ध युवक का धुंधला चेहरा नजर आया। इस तस्वीर को ‘यक्ष एप’ पर अपलोड किया गया।

AI आधारित इस एप ने कुछ ही समय में आरोपी की पहचान कर उसके आपराधिक रिकॉर्ड को सामने ला दिया, जिससे जांच में तेजी आई।

हिस्ट्रीशीटर आरोपी रामू गौतम गिरफ्तार

थाना प्रभारी डीके सिंह के अनुसार, आरोपी की पहचान रसूलपुर आलमपुर निवासी रामू गौतम के रूप में हुई, जो थाने का हिस्ट्रीशीटर नंबर 44-ए है।

पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से 8 स्मार्टफोन, 5200 रुपये नकद, एक बिना नंबर की अपाचे बाइक और मंदिर से चोरी किया गया चाबी का गुच्छा बरामद किया है।

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पूछताछ में लखनऊ की चोरी का भी खुलासा

पुलिस पूछताछ में आरोपी ने लखनऊ में हुई एक अन्य चोरी की घटना को भी कबूल किया है। इससे यह स्पष्ट होता है कि आरोपी लंबे समय से आपराधिक गतिविधियों में लिप्त था।

‘यक्ष एप’ बना पुलिस के लिए गेम चेंजर

पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय ने बताया कि ‘यक्ष एप’ फोटो, वीडियो और आवाज के आधार पर अपराधियों की पहचान करने में सक्षम है। इसमें मौजूद “क्राइम GPT” फीचर जांच अधिकारियों को मामलों को सुलझाने के लिए दिशा-निर्देश भी देता है।

पुलिस का मानना है कि आने वाले समय में यह एप अपराध नियंत्रण और जांच प्रक्रिया को और अधिक तेज, सटीक और प्रभावी बनाएगा।

निष्कर्ष

बाराबंकी पुलिस द्वारा AI तकनीक का इस्तेमाल कर इतनी तेजी से अपराध का खुलासा करना दर्शाता है कि आधुनिक तकनीक अब कानून-व्यवस्था को मजबूत करने में अहम भूमिका निभा रही है। ‘यक्ष एप’ जैसे टूल्स भविष्य में अपराधियों के लिए बड़ी चुनौती साबित हो सकते हैं।

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रिपोर्ट – मंसूफ अहमद 

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Author: Kamran Alvi

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