महोबा में भाजपा की पूर्व जिला मंत्री ने जिलाध्यक्ष मोहनलाल कुशवाहा पर पद के बदले अनैतिक संबंध का दबाव बनाने का सनसनीखेज आरोप लगाया है।
पुलिस में शिकायत दर्ज, मामले ने प्रदेश की राजनीति में मचाया भूचाल।

महोबा, उत्तर प्रदेश | 28 अप्रैल 2026
जिले में भारतीय जनता पार्टी के भीतर उस समय बड़ा विवाद खड़ा हो गया जब हाल ही में जिला मंत्री पद से इस्तीफा देने वाली एक महिला नेता ने पार्टी के जिलाध्यक्ष मोहनलाल कुशवाहा पर बेहद गंभीर और सनसनीखेज आरोप लगाए।
महिला नेता का आरोप है कि संगठन में पद दिलाने के बदले उन पर अनैतिक संबंध बनाने का दबाव डाला गया। इस पूरे मामले के सामने आने के बाद न केवल पार्टी संगठन में हलचल मच गई है, बल्कि प्रदेश की राजनीति में भी यह मुद्दा चर्चा का केंद्र बन गया है।
“हमबिस्तर हो जाओ, उपाध्यक्ष बना देंगे”—महिला नेता का दावा
पद के बदले ‘समझौते’ का प्रस्ताव
महिला नेता ने सोशल मीडिया पर लाइव आकर आरोप लगाया कि लंबे समय तक संगठन में सक्रिय भूमिका निभाने के बाद उन्होंने जिलाध्यक्ष से खुद को जिला उपाध्यक्ष बनाए जाने की मांग की थी।इस पर जिलाध्यक्ष ने कहा कि अगर वह उपाध्यक्ष बना दें तो बदले में क्या मिलेगा। इस पर दीपाली ने आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण कुछ न दे पाने की बात कही।
उनके अनुसार, इस पर जिलाध्यक्ष ने कहा कि “आपके पास देने के लिए बहुत कुछ है।” जब उन्होंने स्पष्ट जवाब मांगा, तो पहले तो जिलाध्यक्ष ने टालमटोल की फिर कथित तौर पर उनसे कहा गया— “एक बार मेरे साथ हमबिस्तर हो जाओ, तुम्हें जिला उपाध्यक्ष बना देंगे।”

विरोध करने पर मिला नया ऑफर और दबाव
जिला पंचायत अध्यक्ष के टिकट का वादा
महिला नेता का आरोप है कि जब उन्होंने इस प्रस्ताव को ठुकरा दिया, तो उन्हें जिला पंचायत अध्यक्ष का टिकट दिलाने का लालच दिया गया।
इसके साथ ही साथ में लखनऊ और दिल्ली चलने का भी प्रस्ताव रखा गया। इतना ही नहीं, उन्होंने दावा किया कि पार्टी के अन्य पदाधिकारी—जिला महामंत्री और जिला उपाध्यक्ष—भी उन पर इस बात को मानने के लिए दबाव बना रहे थे।
धमकी और परिवार को फंसाने की बात
“फेसबुक लाइव बंद करो, वरना परिवार को फंसा देंगे”
महिला नेता ने यह भी आरोप लगाया कि वह इस मामले को सार्वजनिक नहीं करना चाहती थी। लेकिन जब पानी सिर से ऊपर चला गया और बात परिवार , पति और बच्चों पर आ गई तो उन्हें उजागर करना पड़ा।
उनके मुताबिक, उन्हें कहा गया कि अगर वह सोशल मीडिया पर बोलना बंद नहीं करेंगी तो उनके पति और परिवार को झूठे मुकदमों में फंसा कर जेल भेज दिया जाएगा।

पुलिस में शिकायत, जांच शुरू
एसपी कार्यालय पहुंचकर दी तहरीर
27 अप्रैल 2026 को महिला नेता ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर पूरे मामले की लिखित शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस ने तहरीर लेकर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की गंभीरता से जांच की जाएगी और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी।
भाजपा संगठन में मचा बवाल, विपक्ष को मिला मुद्दा
इस पूरे घटनाक्रम के बाद भाजपा संगठन की छवि पर सवाल उठने लगे हैं। महिला नेता द्वारा लगाए गए आरोपों ने पार्टी के भीतर असहज स्थिति पैदा कर दी है।
वहीं, यह मामला ऐसे समय पर सामने आया है जब भाजपा महिला बिल को लेकर विपक्ष पर हमलावर है। इस मुद्दे के सामने आने के बाद अब विपक्षी दलों को भी सरकार और सत्ताधारी दल को घेरने का मौका मिल गया है।
दीपाली तिवारी पहले ही अपने पद से इस्तीफा दे चुकी हैं और अब उन्होंने कानूनी कार्रवाई की मांग की है, जिससे मामला और गंभीर हो गया है।

आगे क्या? सबकी नजरें जांच और कार्रवाई पर
अब इस मामले में पुलिस जांच और पार्टी हाईकमान की प्रतिक्रिया पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं।
यह मामला न केवल एक राजनीतिक विवाद है, बल्कि महिला सुरक्षा, संगठनात्मक नैतिकता और सत्ता के दुरुपयोग जैसे गंभीर सवाल भी खड़े करता है।
यदि आरोप सही पाए जाते हैं, तो यह मामला प्रदेश की राजनीति में बड़ा असर डाल सकता है।
रिपोर्ट – नौमान माजिद












