बाराबंकी के देवा थाना क्षेत्र में हुई डकैती का पुलिस ने बड़ा खुलासा किया।
मुठभेड़ के बाद 5 बदमाश गिरफ्तार, ₹4.64 लाख नकद, जेवरात और अवैध हथियार बरामद। रोहित जाट गैंग का नाम आया सामने।

बाराबंकी, उत्तर प्रदेश | 27 मई 2026
उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले में देवा थाना क्षेत्र के ग्राम ग्वारी में हुई सनसनीखेज डकैती की घटना का पुलिस ने सफल अनावरण करते हुए अंतरजनपदीय बदमाशों के एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश किया है। स्वाट, सर्विलांस और थाना देवा की संयुक्त पुलिस टीम ने मुठभेड़ और दबिश के दौरान कुल 5 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है, जिनमें दो आरोपी पुलिस मुठभेड़ में घायल भी हुए हैं। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लूट के ₹4 लाख 64 हजार नकद, सोने-चांदी के जेवरात, अवैध तमंचे, कारतूस, घटना में प्रयुक्त वैगनआर कार और मोटरसाइकिल बरामद की है।
बाराबंकी पुलिस की इस कार्रवाई को हाल के महीनों की बड़ी कामयाबी माना जा रहा है। जांच में खुलासा हुआ है कि गिरफ्तार आरोपी केवल बाराबंकी ही नहीं बल्कि लखनऊ, सीतापुर और गोंडा सहित कई जिलों में लूट और डकैती की घटनाओं को अंजाम दे चुके हैं। गिरोह का सरगना बुलंदशहर निवासी रोहित जाट बताया जा रहा है, जिसकी तलाश में पुलिस टीमें लगातार दबिश दे रही हैं।

22 मई की रात ग्वारी गांव में हुई थी डकैती
पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय के मुताबिक 22 मई 2026 की रात देवा थाना क्षेत्र के ग्राम ग्वारी चौराहा मजरे शाहपुर निवासी आलोक कुमार जायसवाल के घर में पीछे के रास्ते से घुसे बदमाशों ने परिवार के लोगों के साथ मारपीट कर नकदी और जेवरात लूट लिए थे।
पीड़ित की तहरीर पर थाना देवा में मुकदमा संख्या 172/2026 धारा 309(6) बीएनएस के तहत अज्ञात आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया गया था। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय ने तत्काल स्वाट, सर्विलांस और थाना पुलिस की संयुक्त टीमें गठित कर बदमाशों की गिरफ्तारी के निर्देश दिए थे।
CCTV और डिजिटल सर्विलांस से पुलिस तक पहुंचे बदमाश
जांच के दौरान पुलिस ने मैनुअल इंटेलिजेंस, डिजिटल डेटा और सीसीटीवी फुटेज का सहारा लिया। लगातार ट्रैकिंग के बाद पुलिस को गिरोह के सदस्यों की लोकेशन मिली।
पुलिस ने मंगलवार को कार्रवाई करते हुए जसीम अहमद और सैफ को पुलिस मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार किया, जबकि मोहम्मद इस्माइल, मोहम्मद अबरार और बलवंत सिंह को गोवर्धन कॉलोनी गेट के पास से वैगनआर कार सहित दबोच लिया।
मुठभेड़ के दौरान घायल हुए दोनों आरोपियों को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया है।
गिरफ्तार आरोपियों के पास से भारी मात्रा में नकदी और हथियार बरामद
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे और निशानदेही पर भारी मात्रा में सामान बरामद किया है। बरामदगी में शामिल हैं:
- ₹4 लाख 64 हजार नकद
- सोने और चांदी के जेवरात
- 4 अवैध तमंचे .315 बोर
- जिंदा कारतूस और खोखा
- वैगनआर कार
- मोटरसाइकिल
पायल, झुमकी, हार, अंगूठी, मांगटीका, नथ, कड़ा, हाथफूल, बिछुआ समेत बड़ी मात्रा में आभूषण
पुलिस ने बरामद हथियारों और सामान के आधार पर आर्म्स एक्ट और अन्य गंभीर धाराओं में अतिरिक्त मुकदमे दर्ज किए हैं।
“रोहित जाट गैंग” करता था रेकी के बाद डकैती
पूछताछ में गिरफ्तार बदमाशों ने पुलिस को बताया कि वे एक संगठित गैंग के सदस्य हैं, जिसका संचालन बुलंदशहर निवासी रोहित जाट करता है।
गिरोह पहले ऐसे घरों और व्यापारिक प्रतिष्ठानों की रेकी करता था जहां कम लोग मौजूद हों और अधिक नकदी या कीमती सामान रखा हो। मौका मिलने पर रात में हमला कर लूट और डकैती की घटनाओं को अंजाम दिया जाता था।
पुलिस के अनुसार गिरोह के सदस्य अलग-अलग जिलों में सक्रिय थे और पेशेवर तरीके से वारदात को अंजाम देते थे।
कई जिलों में दर्ज हैं गंभीर मुकदमे
गिरफ्तार आरोपियों पर पहले से कई गंभीर आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। इनमें लूट, चोरी, गैंगस्टर एक्ट, आर्म्स एक्ट और एनडीपीएस एक्ट जैसे संगीन मामले शामिल हैं।
विशेष रूप से सैफ उर्फ बदशाह, मोहम्मद इस्माइल और जसीम अहमद के खिलाफ बाराबंकी, लखनऊ, सीतापुर और बहराइच जिलों में दर्जनों आपराधिक मामले दर्ज पाए गए हैं।
पुलिस अधीक्षक ने टीम की सराहना की
डकैती का खुलासा करने वाली टीम में स्वाट प्रभारी अंकित त्रिपाठी, सर्विलांस प्रभारी अजय सिंह और थाना देवा के प्रभारी निरीक्षक यशकांत सिंह सहित कई पुलिसकर्मी शामिल रहे।
पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय ने घटना के सफल अनावरण और अभियुक्तों की गिरफ्तारी पर पुलिस टीम की सराहना की है। साथ ही फरार गैंग लीडर रोहित जाट और अन्य बदमाशों की गिरफ्तारी के लिए विशेष अभियान जारी रखने के निर्देश दिए हैं।
रिपोर्ट – मंसूफ अहमद / निरंकार त्रिवेदी















