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बाराबंकी में एक साथ जली दो चचेरे भाइयों की चिताएं, ग़मगीन हुआ गांव का माहौल; लोगों की आंखों में छलक आए आंसू

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बाराबंकी के घुंघटेर क्षेत्र में कल्याणी नदी में डूबने से दो चचेरे भाइयों की मौत हो गई। पोस्टमार्टम के बाद एक साथ अंतिम संस्कार हुआ। ग्रामीणों ने डीएम से पक्के पुल की मांग की।

बाराबंकी, उत्तर प्रदेश | 04 अक्टूबर 2026

बाराबंकी जिले के घुंघटेर थाना क्षेत्र के मंगला नगर गांव में शनिवार को कल्याणी नदी में डूबने से दो चचेरे भाइयों की दर्दनाक मौत के बाद रविवार को गांव में मातम छा गया। पोस्टमार्टम के बाद दोनों बच्चों के शव गांव पहुंचे तो परिजनों की चीख-पुकार से माहौल गमगीन हो गया। भारी पुलिस बल की मौजूदगी में दोनों चचेरे भाइयों का एक साथ अंतिम संस्कार किया गया।

इस दर्दनाक हादसे के बाद ग्रामीणों ने कल्याणी नदी पर पक्के पुल के निर्माण की मांग को लेकर जिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र दिया। तहसीलदार फतेहपुर वैशाली अहलावत के माध्यम से दिए गए ज्ञापन में ग्रामीणों ने कहा कि नदी पर स्थायी पुल नहीं होने के कारण हजारों ग्रामीणों, किसानों और स्कूली बच्चों को आवागमन में परेशानी होती है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि यहां पक्का पुल होता तो इस तरह की दर्दनाक घटना को टाला जा सकता था।

कल्याणी नदी के तेज बहाव में डूबे दो बच्चे

मृतकों की पहचान राज (10) पुत्र मिथिलेश रावत और अमित (12) पुत्र अखिलेश रावत, निवासी कृष्णा नगर, बजगहनी पंचायत के रूप में हुई है। मृतक राज और अमित के पिता मिथिलेश और अखिलेश सगे भाई हैं।

शनिवार दोपहर करीब चार बजे दोनों बच्चे कृष्णा नगर से मंगला नगर की ओर जा रहे थे। लगातार बारिश के कारण उस समय कल्याणी नदी उफान पर थी और नदी में पानी का बहाव तेज था।

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नदी पर ग्रामीणों के आवागमन के लिए बनाया गया आरसीसी ह्यूम पाइप का अस्थायी पुल पहले ही बह चुका था। इसी दौरान नदी पार करते समय तेज बहाव में दोनों बच्चों का पैर फिसल गया और वे पानी में डूब गए।

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करीब साढ़े तीन घंटे बाद बरामद हुए शव

हादसे की जानकारी मिलने के बाद परिजनों और ग्रामीणों ने दोनों बच्चों की तलाश शुरू की। करीब शाम 7:30 बजे दोनों बच्चों के शव बरामद किए गए।

सूचना मिलने पर 112 पीआरवी पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों बच्चों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) घुंघटेर ले जाया गया। वहां चिकित्सकों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया।

बेटों के शव देखकर बेसुध हुईं दोनों माताएं

रविवार को पोस्टमार्टम की कार्रवाई पूरी होने के बाद दोनों बच्चों के शव गांव पहुंचे। शवों को देखते ही परिजनों में कोहराम मच गया। बड़ी संख्या में ग्रामीण भी मौके पर जमा हो गए।

अमित की मां पार्वती और राज की मां लक्ष्मी का रो-रोकर बुरा हाल था। दोनों माताएं अपने बेटों के शव देखकर बेसुध हो गईं। परिजनों की चीख-पुकार से पूरे गांव का माहौल गमगीन हो गया।

भारी पुलिस बल की मौजूदगी में हुआ अंतिम संस्कार

दोनों बच्चों के अंतिम संस्कार के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए घुंघटेर, कुर्सी और फतेहपुर थानों की पुलिस मौजूद रही।

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अंतिम संस्कार में कई जनप्रतिनिधि, भाजपा कार्यकर्ता और ग्रामीण भी शामिल हुए। इनमें श्रीश रावत, दीपक यादव, विशाल सिंह और पूर्व कारागार मंत्री राकेश वर्मा सहित अन्य लोग मौजूद रहे।

दो मासूम बच्चों की एक साथ उठी अर्थी ने पूरे गांव को झकझोर दिया।

ग्रामीणों ने डीएम से की कल्याणी नदी पर पक्के पुल की मांग

हादसे के बाद ग्रामीणों ने जिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र देकर कल्याणी नदी पर जल्द से जल्द पक्के पुल का निर्माण कराने की मांग की है। तहसीलदार फतेहपुर वैशाली अहलावत के माध्यम से ज्ञापन सौंपा गया।

ग्रामीणों ने बताया कि कल्याणी नदी पर स्थायी पुल नहीं होने के कारण आसपास के कई गांवों के लोगों को रोजाना नदी पार कर आवागमन करना पड़ता है। किसानों के साथ-साथ स्कूली छात्र-छात्राओं के लिए भी यह रास्ता महत्वपूर्ण है।

अस्थायी रास्ता बहने से बढ़ी परेशानी

ग्रामीणों के मुताबिक नदी पर बना आरसीसी ह्यूम पाइप का अस्थायी रास्ता तेज बहाव के कारण पहले ही बह चुका था। इसके बाद नदी पार करना और भी जोखिम भरा हो गया था।

ग्रामीणों का कहना है कि 03 अक्टूबर को हुई इस दर्दनाक घटना ने स्थायी पुल की जरूरत को और गंभीर बना दिया है।

उन्होंने प्रशासन से मांग की कि कल्याणी नदी पर जल्द पक्का पुल बनवाया जाए, ताकि आसपास के गांवों के लोगों का आवागमन सुगम हो सके और भविष्य में किसी अन्य परिवार को ऐसी त्रासदी का सामना न करना पड़े।

पुल बनने से बच्चों और ग्रामीणों को मिलेगी राहत

ग्रामीणों ने कहा कि पक्का पुल बनने से बच्चों का स्कूल जाना आसान होगा और किसानों तथा आम ग्रामीणों को भी नदी पार करने के लिए जोखिम नहीं उठाना पड़ेगा।

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दो बच्चों की मौत के बाद अब ग्रामीणों की नजर प्रशासन की कार्रवाई पर है। ग्रामीणों ने उम्मीद जताई है कि हादसे के बाद प्रशासन कल्याणी नदी पर स्थायी पुल निर्माण की दिशा में ठोस कदम उठाएगा।

रिपोर्ट – ललित राजवंशी 

 

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Author: Kamran Alvi

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