Barabanki: असंद्रा क्षेत्र में युवक की मौत के बाद बवाल, परिजनों ने पुलिस पर बर्बर पिटाई का आरोप लगाया।
डेढ़ माह तक अस्पताल में इलाज के बाद युवक की मौत, इंसाफ की मांग तेज।

बाराबंकी, उत्तर प्रदेश | 26 मार्च 2026
जिले के असंद्रा थाना क्षेत्र के ढेमा गांव निवासी वसीमुद्दीन उर्फ हग्गन के लगभग 25 वर्षीय बेटे की मौत ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। युवक पिछले करीब डेढ़ महीने से अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच जंग लड़ रहा था, लेकिन बुधवार देर रात उसने दम तोड़ दिया।
जैसे ही युवक का शव घर पहुंचा, पूरे परिवार में कोहराम मच गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और गांव में शोक की लहर दौड़ गई।

परिजनों का आरोप—पुलिस पिटाई से बिगड़ी हालत
गंभीर आरोपों से घिरा मामला
मृतक के परिजनों ने इनायतनगर और पटरंगा पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि पुलिस युवक सुहेल को उसके घर से उठाकर ले गई और उसके साथ कथित तौर पर बर्बर पिटाई की गई।
परिजनों का आरोप है कि इस मारपीट के चलते युवक का मानसिक संतुलन बिगड़ गया, जिसके बाद उसने आत्मघाती कदम उठाया। इसके बाद से लगातार उसका इलाज चल रहा था।

लंबे इलाज के बाद भी नहीं बच सकी जान
मेयो अस्पताल में चल रहा था इलाज
बताया जा रहा है कि युवक का इलाज बाराबंकी के मेयो अस्पताल में पिछले डेढ़ महीने से चल रहा था। परिजन लगातार उसके इलाज और न्याय के लिए संघर्ष करते रहे, लेकिन आरोप है कि इस दौरान किसी भी आरोपी के खिलाफ ठोस कार्रवाई नहीं की गई।

परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़, मासूम बेटी हुई अनाथ
मृतक के परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। युवक की एक छोटी बेटी है, जिसने पहले ही अपनी मां को खो दिया था और अब पिता के निधन के बाद वह पूरी तरह अनाथ हो गई है।
मृतक की बहन जुबेदा का रो-रोकर बुरा हाल है और वह अपने भाई के लिए इंसाफ की गुहार लगा रही है।

जनप्रतिनिधियों ने जताई संवेदना, न्याय की मांग तेज
अधिवक्ता और नेताओं ने उठाई आवाज
घटना की जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मृतक के घर पहुंचे और परिवार को ढांढस बंधाया।
अधिवक्ता अभय प्रताप सिंह ने परिजनों से मुलाकात कर मामले पर गहरी चिंता जताई। उन्होंने आरोप लगाया कि एक मामले में पुलिस ने गलत तरीके से युवक को उठाया और उसके साथ अमानवीय व्यवहार किया।
उन्होंने कहा कि इस मामले में दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं दोहराई न जाएं।
सरकार से न्याय की मांग, जांच की उठी आवाज
समाजवादी पार्टी के पूर्व विधायक रुश्दी मियां ने भी पीड़ित परिवार से मुलाकात कर संवेदना व्यक्त की और सरकार से निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
परिजनों और स्थानीय लोगों का कहना है कि यह लड़ाई अभी खत्म नहीं हुई है और न्याय मिलने तक संघर्ष जारी रहेगा।
रिपोर्ट – मंसूफ अहमद
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