Barabanki

Barabanki: प्रतियोगी छात्रों के बीच पहुंचे IAS विद्यांशु झा, शेयर की UPSC-UPPSC की रणनीति; कहा- ‘भौकाल के लिए नहीं, सेवा भाव से काम करना ज़रूरी’

SHARE:

Barabanki News: बाराबंकी में मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना के छात्रों को IAS विद्यांशु शेखर झा ने UPSC-UPPSC तैयारी की रणनीति बताई।

छात्रों से कहा- सौ रिसोर्स नहीं, कुछ रिसोर्स को सौ बार पढ़ें।

बाराबंकी, उत्तर प्रदेश | 12 अगस्त 2026

बाराबंकी में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों के लिए बुधवार का दिन खास रहा। समाज कल्याण विभाग बाराबंकी की ओर से मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना के तहत संचालित केंद्र राजकीय जिला पुस्तकालय, बाराबंकी में विशेष मार्गदर्शन सत्र आयोजित किया गया। इस दौरान ज्वाइंट मजिस्ट्रेट (IAS) विद्यांशु शेखर झा ने प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों से संवाद करते हुए UPSC और UPPSC की तैयारी की रणनीति, प्रश्नपत्र को समझने का तरीका और प्रभावी अध्ययन पद्धति साझा की।

सत्र के दौरान ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने विद्यार्थियों को अपने स्वयं के बनाए नोट्स भी दिखाए और पिछले वर्षों में पूछे गए प्रश्नों के माध्यम से परीक्षा की तैयारी करने के तरीके समझाए। उन्होंने विद्यार्थियों को केवल अधिक से अधिक सामग्री जुटाने के बजाय सीमित और उपयोगी अध्ययन सामग्री को बार-बार पढ़ने पर जोर दिया।

‘सौ रिसोर्स मत पढ़ो, कुछ रिसोर्स को सौ बार पढ़ो’

IAS विद्यांशु शेखर झा ने छात्रों को सलाह दी कि प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में अध्ययन सामग्री की संख्या बढ़ाना सफलता की गारंटी नहीं है। उन्होंने विद्यार्थियों को सीमित और विश्वसनीय स्रोतों को बार-बार पढ़कर उन पर मजबूत पकड़ बनाने की सलाह दी।

उन्होंने कहा कि ‘सौ रिसोर्स मत पढ़ो, बल्कि कुछ रिसोर्सेस को सौ बार पढ़ो।’ उनका कहना था कि तैयारी में निरंतरता और विषयों की गहराई से समझ अधिक महत्वपूर्ण है।

पिछले वर्षों के प्रश्नपत्रों पर दिया विशेष जोर

ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने छात्रों को UPSC और UPPSC की तैयारी में पिछले वर्षों में पूछे गए प्रश्नों को अधिक से अधिक हल करने की सलाह दी। उन्होंने बताया कि पुराने प्रश्नपत्रों से विद्यार्थियों को परीक्षा के पैटर्न, प्रश्नों की प्रकृति और विषयों की प्राथमिकता समझने में मदद मिलती है।

यह भी पढ़ें  Barabanki News: लखनऊ-सुल्तानपुर हाईवे पर ट्रक में घुसी स्कॉर्पियो, लोनीकटरा थाने के 3 सिपाही घायल; 2 की हालत गंभीर, ट्रॉमा सेंटर रेफर

उन्होंने प्रेजेंटेशन यानी PPT के माध्यम से प्रश्नपत्र की बारीकियों को भी विद्यार्थियों के सामने रखा और प्रश्नों को समझने तथा उन्हें हल करने की रणनीति साझा की।

 

‘भौकाल के लिए सर्विसेज की तैयारी न करें’

विद्यार्थियों से संवाद के दौरान IAS विद्यांशु शेखर झा ने प्रशासनिक सेवाओं की तैयारी को लेकर एक महत्वपूर्ण बात कही। उन्होंने छात्रों को सलाह दी कि वे केवल दिखावे, प्रतिष्ठा या ‘भौकाल’ के लिए सिविल सर्विसेज की तैयारी न करें।

उन्होंने समझाया कि प्रशासनिक सेवाएं चुनौतीपूर्ण जिम्मेदारियों वाली नौकरी हैं और इनमें सेवा भाव के साथ काम करना जरूरी है। उनके मुताबिक, यदि कोई विद्यार्थी वास्तव में समाज और लोगों की सेवा करना चाहता है, तभी उसे इस दिशा में आगे बढ़ने का संकल्प लेना चाहिए।

‘दिखावे के प्रोत्साहन से दूर रहें’

IAS विद्यांशु शेखर झा ने छात्रों को वास्तविक और व्यावहारिक रूप से प्रेरित रहने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं की लंबी तैयारी के दौरान विद्यार्थियों को केवल बाहरी दिखावे या क्षणिक उत्साह पर निर्भर नहीं रहना चाहिए।

उन्होंने विद्यार्थियों को लगातार अपने लक्ष्य पर ध्यान केंद्रित रखने और तैयारी में अनुशासन बनाए रखने की सलाह दी।

‘Never Quit’ एटिट्यूड रखने की सलाह

सत्र के दौरान उन्होंने छात्रों को Never Quit Attitude अपनाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि जीवन में असफलता को अंतिम परिणाम मानने के बजाय उससे सीखना चाहिए।

उन्होंने विद्यार्थियों को संदेश दिया कि जीवन में या तो हम जीतते हैं या सीखते हैं, हार जैसी कोई चीज नहीं होती।

यह भी पढ़ें  बाराबंकी में झोलाछाप डॉक्टर के इलाज के दौरान अधेड़ की मौत, ग्लूकोज चढ़ते ही बिगड़ी हालत; स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल

उनकी इस बात ने विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के दौरान आने वाली चुनौतियों का सामना सकारात्मक सोच के साथ करने के लिए प्रेरित किया।

छात्रों के साथ साझा किए अपने नोट्स और अनुभव

ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के दौरान तैयार किए गए अपने नोट्स छात्रों के साथ साझा किए। उन्होंने यह भी बताया कि नोट्स बनाते समय किन बातों का ध्यान रखना चाहिए और किस तरह अध्ययन सामग्री को परीक्षा के लिहाज से उपयोगी बनाया जा सकता है।

छात्रों ने भी सत्र के दौरान IAS विद्यांशु शेखर झा से अपनी तैयारी और परीक्षा से जुड़े सवाल पूछे। उन्होंने विद्यार्थियों के प्रश्नों का जवाब देते हुए उनकी जिज्ञासाओं को दूर किया और तैयारी को लेकर मार्गदर्शन दिया।

अभ्युदय योजना के छात्रों से आगे भी जुड़े रहने का वादा

विद्यांशु शेखर झा ने विद्यार्थियों को भरोसा दिलाया कि वह आगे भी मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना के छात्रों से जुड़े रहकर उनका मार्गदर्शन करने का प्रयास करेंगे।

इससे प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों में उत्साह देखने को मिला। छात्रों के लिए यह सत्र इसलिए भी महत्वपूर्ण रहा क्योंकि उन्हें प्रशासनिक सेवा में कार्यरत अधिकारी से सीधे परीक्षा की रणनीति और तैयारी के अनुभव सुनने का अवसर मिला।

जिला समाज कल्याण अधिकारी ने किया स्वागत

कार्यक्रम का शुभारंभ जिला समाज कल्याण अधिकारी डॉ. नीलम सिंह द्वारा ज्वाइंट मजिस्ट्रेट विद्यांशु शेखर झा का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत करने के साथ हुआ।

कार्यक्रम में जिला समाज कल्याण (विकास) अधिकारी श्रीमती अभिलाषा त्रिपाठी, कोर्स कोऑर्डिनेटर पीयूष श्रीवास्तव, पुष्पेंद्र सिंह यादव और प्रकाशनी मौजूद रहे।

कोर्स कोऑर्डिनेटर पीयूष श्रीवास्तव ने ज्वाइंट मजिस्ट्रेट का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनका छात्रों के बीच आकर परीक्षा उपयोगी सामग्री और रणनीति साझा करना विद्यार्थियों के लिए काफी उपयोगी और प्रेरणादायक रहा।

यह भी पढ़ें  UP News: लखनऊ के बासिल हाशमी ने रचा इतिहास, DCP ग्रैंड एनुअल फोटोग्राफी एंड फिल्म फेस्टिवल 2026 में लगातार तीसरी बार जीता सम्मान

प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए उपयोगी रहा सत्र

मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना के तहत आयोजित यह संवाद सत्र प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों के लिए मार्गदर्शन का महत्वपूर्ण अवसर रहा। UPSC और UPPSC जैसी परीक्षाओं में रणनीति, निरंतर अभ्यास, पिछले वर्षों के प्रश्नपत्रों का अध्ययन और सीमित अध्ययन सामग्री पर मजबूत पकड़ जैसे पहलुओं पर चर्चा से छात्रों को अपनी तैयारी को बेहतर दिशा देने में मदद मिलेगी।

कार्यक्रम में दिए गए संदेश का सार यही रहा कि तैयारी में संसाधनों की संख्या से ज्यादा महत्वपूर्ण है उनका सही इस्तेमाल, निरंतर अभ्यास और लक्ष्य के प्रति अडिग रवैया।

रिपोर्ट – मंसूफ अहमद 

Barabanki: कथित भूमाफिया उस्मान सिद्दीकी का दुस्साहसिक कारनामा, सरकारी जमीन पर दीवार खड़ी कर सार्वजनिक रास्ते पर लगाया गेट; SDM से शिकायत के बाद भी कार्रवाई सिफ़र

 

 

संबंधित खबरें
Kamran Alvi
Author: Kamran Alvi

21377
🗳️ जनता की राय | यूपी 2027

2027 में आप किसे उत्तर प्रदेश का मुख्यमंत्री बनाना चाहते हैं?

सबसे ज्यादा पढ़ी गई