बाराबंकी के बसारा गांव के दो सगे भाइयों की दिल्ली के द्वारका में तालाब में डूबने से मौत।
स्कूल से लौटने के बाद खेलने गए थे बच्चे, पूरे गांव में शोक की लहर।

बाराबंकी, उत्तर प्रदेश | 02 अप्रैल 2026
बाराबंकी जिले के कुर्सी थाना क्षेत्र के बसारा गांव से जुड़ी एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। गांव निवासी अरविंद कुमार के दो मासूम बेटों की दिल्ली के द्वारका क्षेत्र में एक तालाब में डूबने से दर्दनाक मौत हो गई। इस हादसे से पूरे गांव में मातम का माहौल है।
स्कूल से लौटकर खेलने गए थे बच्चे, तालाब में उतरते ही डूबे
प्राप्त जानकारी के अनुसार, अरविंद कुमार के बेटे वीर (11 वर्ष) और रवि (8 वर्ष) दिल्ली में अपने पिता के साथ रहकर पढ़ाई कर रहे थे।
29 अप्रैल 2026 को दोनों भाई स्कूल से लौटने के बाद एक पड़ोसी बच्चे के साथ खेलने निकले थे। खेलते-खेलते तीनों बच्चे द्वारका सेक्टर-24 स्थित एक गहरे तालाब के पास पहुंच गए और नहाने के लिए उसमें उतर गए।
बताया जा रहा है कि तालाब की गहराई करीब 10 फीट थी। तैरना न जानने के कारण तीनों बच्चे पानी में डूब गए और उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
रोजी-रोटी के लिए दिल्ली गया था परिवार
परिजनों के मुताबिक, अरविंद कुमार करीब चार साल पहले रोजगार की तलाश में दिल्ली गए थे। वहां मजदूरी कर वह अपने परिवार का भरण-पोषण कर रहे थे और बच्चों की पढ़ाई भी करवा रहे थे।
इस हादसे ने परिवार की खुशियों को एक झटके में खत्म कर दिया।

गांव पहुंचते ही मचा कोहराम, अंतिम संस्कार में उमड़ा जनसैलाब
शुक्रवार शाम जब अरविंद कुमार अपने दोनों बेटों के शव लेकर बसारा गांव पहुंचे तो पूरे गांव में कोहराम मच गया। हर आंख नम थी और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था।
शनिवार सुबह दोनों बच्चों का अंतिम संस्कार गांव में किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए।
पूरे गांव में शोक की लहर, सुरक्षा को लेकर उठे सवाल
इस दर्दनाक घटना के बाद गांव में शोक की लहर है। स्थानीय लोगों का कहना है कि ऐसे हादसों से बचाव के लिए बच्चों की सुरक्षा और जागरूकता बेहद जरूरी है।
यह हादसा एक बार फिर से यह सवाल खड़ा करता है कि खुले और असुरक्षित जलस्रोत बच्चों के लिए कितने खतरनाक हो सकते हैं।
रिपोर्ट – मंसूफ अहमद













