बाराबंकी के हैदरगढ़ क्षेत्र में लखनऊ से दवा लेकर लौट रहे 72 वर्षीय बुजुर्ग की रोडवेज बस में तबीयत बिगड़ने से मौत हो गई।
चौबीसी गांव के पास बेहोश होने पर उन्हें CHC हैदरगढ़ ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।

बाराबंकी, उत्तर प्रदेश | 19 जून 2026
उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले के हैदरगढ़ कोतवाली क्षेत्र में शुक्रवार को एक दुखद घटना सामने आई। लखनऊ से दवा लेकर अपने घर लौट रहे 72 वर्षीय बुजुर्ग की रोडवेज बस में अचानक तबीयत बिगड़ गई। सूचना पर पहुंची पुलिस और एंबुलेंस टीम ने उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) हैदरगढ़ पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। प्रारंभिक तौर पर मौत का कारण हार्ट अटैक माना जा रहा है।
लखनऊ से दवा लेकर घर लौट रहे थे बुजुर्ग
प्राप्त जानकारी के अनुसार, लालचंद (72 वर्ष) पुत्र कन्हैया निवासी ग्राम कस्बा फत्तेपुर, पोस्ट छित्तेपुर, बखरा जनपद आजमगढ़, लखनऊ से इलाज एवं दवा लेकर अमेठी डिपो की रोडवेज बस से अपने घर वापस जा रहे थे।
यात्रा के दौरान हैदरगढ़ कोतवाली क्षेत्र के चौबीसी गांव के निकट अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई और वह बस में ही बेहोश होकर गिर पड़े। बुजुर्ग की हालत गंभीर होते देख बस में मौजूद यात्रियों और परिचालक में हड़कंप मच गया।
परिचालक ने तत्काल पुलिस और एंबुलेंस को दी सूचना
घटना की जानकारी मिलते ही बस के परिचालक ने तत्काल डायल-112 पुलिस और 108 एंबुलेंस सेवा को सूचना दी। सूचना मिलने पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची और एंबुलेंस की सहायता से बुजुर्ग को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र हैदरगढ़ भेजा गया।
अस्पताल पहुंचने पर इमरजेंसी ड्यूटी पर तैनात चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
परिजनों को दी गई सूचना, पुलिस कर रही आवश्यक कार्रवाई
बुजुर्ग की मृत्यु की सूचना मिलते ही पुलिस ने उनके परिजनों से संपर्क कर घटना की जानकारी दे दी। पुलिस परिजनों के हैदरगढ़ पहुंचने का इंतजार कर रही है और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, बुजुर्ग की मौत हृदयाघात (हार्ट अटैक) के कारण होने की आशंका जताई जा रही है, हालांकि आगे की कार्रवाई परिजनों की मौजूदगी और आवश्यक प्रक्रियाओं के बाद की जाएगी।
बस में अचानक बिगड़ी तबीयत, नहीं बच सकी जान
प्रत्यक्ष जानकारी के अनुसार, बुजुर्ग यात्रा के दौरान सामान्य स्थिति में थे, लेकिन चौबीसी गांव के पास अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई। समय रहते अस्पताल पहुंचाने का प्रयास किया गया, लेकिन चिकित्सक उनकी जान नहीं बचा सके।
रिपोर्ट – मंसूफ अहमद











