Barabanki: आठ दिन चला इलाज, नहीं बच सकी जान
बाराबंकी के गगियापुर गांव में खौलती चाय में गिरने से 5 वर्षीय मोहम्मद रयान की मौत। 8 दिन तक लखनऊ मेडिकल कॉलेज में चला इलाज, लेकिन नहीं बच सकी जान। परिवार में मचा कोहराम, गांव में शोक की लहर।

बाराबंकी, उत्तर प्रदेश | 14 फरवरी 2026
जिले की रामनगर तहसील क्षेत्र के गगियापुर गांव में एक दिल दहलाने वाले हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। खौलती चाय में गिरने से गंभीर रूप से झुलसे पांच वर्षीय मासूम मोहम्मद रयान ने आठ दिनों तक ज़िंदगी और मौत से संघर्ष करने के बाद शनिवार, 14 फरवरी की देर शाम दम तोड़ दिया। जैसे ही उसका शव गांव पहुंचा, पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई।
6 फरवरी को हुआ था हादसा
प्राप्त जानकारी के अनुसार, गगियापुर निवासी अजीम बेहना का पांच वर्षीय बेटा मोहम्मद रयान 6 फरवरी को घर में खेलते समय खौलती चाय से भरे बर्तन में गिर गया था। हादसे में वह गंभीर रूप से झुलस गया। परिजन उसे तत्काल लखनऊ के मेडिकल कॉलेज ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे बचाने के हरसंभव प्रयास किए।
आठ दिन चला इलाज, नहीं बच सकी जान
लगातार आठ दिनों तक चले उपचार के बावजूद मासूम की हालत में अपेक्षित सुधार नहीं हो सका शनिवार देर शाम उसकी मौत हो गई। मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। मां रेहाना का रो-रोकर बुरा हाल है, जबकि बड़े भाई-बहन भी सदमे में हैं। रयान अपने भाई-बहनों में सबसे छोटा था। उसके पिता अजीम बेहना मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं।

गांव में पसरा मातम
इस दर्दनाक घटना ने न केवल परिवार की खुशियां छीन लीं, बल्कि पूरे गांव को गहरे सदमे में डाल दिया है। रविवार को गांव में हर ओर मातम और सन्नाटा पसरा रहा। ग्रामीणों ने शोक संवेदना व्यक्त करते हुए परिवार को ढांढस बंधाया।
रिपोर्ट – मंसूफ अहमद













