Barabanki

Barabanki: डीएम ईशान प्रताप सिंह बने अध्यापक, ब्लैक बोर्ड पर बच्चों से हल कराया गणित का सवाल; बताई आसान ट्रिक

SHARE:

Barabanki News: बाराबंकी में डीएम ईशान प्रताप सिंह ने प्राथमिक विद्यालय पलिया मसूदपुर में बच्चों के बीच शिक्षक की भूमिका निभाई।

ब्लैक बोर्ड पर गणित के सवाल हल कराकर शैक्षिक गुणवत्ता परखी और आसान ट्रिक बताई।

बाराबंकी, उत्तर प्रदेश | 14 अगस्त 2026

बाराबंकी में शुक्रवार को जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह का निरीक्षण के दौरान एक अलग अंदाज देखने को मिला। विकास खंड बंकी के प्राथमिक विद्यालय पलिया मसूदपुर पहुंचे डीएम ने सिर्फ व्यवस्थाओं का निरीक्षण नहीं किया, बल्कि बच्चों के बीच पहुंचकर खुद अध्यापक की भूमिका निभाई। उन्होंने ब्लैक बोर्ड पर गणित के सवालों के जरिए बच्चों की शैक्षिक समझ परखी और सवालों को कम समय में आसानी से हल करने की ट्रिक भी समझाई।

ब्लैक बोर्ड पर डीएम ने बच्चों से हल कराया गणित का सवाल

विद्यालय की कक्षाओं में पहुंचे जिलाधिकारी ने बच्चों से सहज माहौल में बातचीत की और उनकी पढ़ाई से जुड़े सवाल पूछे। इसी दौरान उन्होंने गणित का एक सवाल ब्लैक बोर्ड पर हल करने के लिए बच्चों को दिया।

सवाल हल करने की प्रक्रिया के दौरान डीएम ने बच्चों को समझाया कि किसी भी प्रश्न को हल करने से पहले उसे ध्यान से समझना जरूरी है। उन्होंने प्रश्न को आसान तरीके से समझने और कम समय में सही उत्तर तक पहुंचने की विधि भी बच्चों को बताई।

यह भी पढ़ें  Barabanki: होली खेलने के नाम पर दलितों से बदसलूकी व मारपीट, कार्रवाई में देरी पर भड़की भीम आर्मी; आधी रात को कोतवाली का किया घेराव

इस दौरान छात्रा जान्हवी ने ब्लैक बोर्ड पर सवाल को सही ढंग से हल कर दिया। छात्रा की सफलता पर जिलाधिकारी ने उसकी सराहना की और उसका उत्साहवर्धन किया।

डीएम के इस अंदाज से निरीक्षण का माहौल भी सहज हो गया और बच्चे बिना झिझक उनके सवालों का जवाब देते नजर आए।

डीएम ने शिक्षकों की उपस्थिति और पढ़ाई की गुणवत्ता परखी

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने विद्यालय में शिक्षकों की उपस्थिति की जांच की। उन्होंने कक्षाओं में चल रहे शिक्षण कार्य की स्थिति और बच्चों की शैक्षिक समझ का भी जायजा लिया।

उन्होंने बच्चों से उनकी पढ़ाई के बारे में जानकारी लेते हुए यह समझने का प्रयास किया कि कक्षा में पढ़ाई जाने वाली विषयवस्तु को वे किस तरह समझ रहे हैं।

डीएम का जोर इस बात पर रहा कि विद्यालय में बच्चों को केवल पाठ्यक्रम पूरा कराने तक सीमित शिक्षा न मिले, बल्कि उनकी समझ, तार्किक क्षमता और सवाल हल करने की क्षमता भी विकसित हो।

मिड-डे मील को लेकर बच्चों से लिया सीधा फीडबैक

जिलाधिकारी ने बच्चों से विद्यालय में मिलने वाले मिड-डे मील के बारे में भी सीधे जानकारी ली। उन्होंने बच्चों से पूछा कि उस दिन भोजन में क्या मिला और भोजन की गुणवत्ता कैसी थी।

बच्चों से मिले फीडबैक के बाद डीएम ने विद्यालय की रसोई का भी निरीक्षण किया और वहां साफ-सफाई समेत अन्य व्यवस्थाओं को देखा।

यह भी पढ़ें  Barabanki News: 20 साल पुराने रिश्वतखोरी केस में दरोगा बरी, एंटी करप्शन टीम ने पकड़ा था रंगे हाथ; बयान से पलटे वादी पर अब चलेगा प्रकीर्ण वाद

उन्होंने रसोईघर में स्वच्छता का विशेष ध्यान रखने तथा बच्चों को निर्धारित मानकों के अनुसार गुणवत्तापूर्ण और पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।

स्कूल की साफ-सफाई और मूलभूत सुविधाओं पर भी जोर

जिलाधिकारी ने विद्यालय परिसर की साफ-सफाई और बच्चों के लिए उपलब्ध मूलभूत सुविधाओं का जायजा लिया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को विद्यालय में आवश्यक व्यवस्थाओं को बेहतर बनाए रखने के निर्देश दिए।

उन्होंने स्पष्ट किया कि ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों को बेहतर शिक्षा के साथ ऐसा वातावरण भी मिलना चाहिए, जहां उन्हें पढ़ाई के लिए आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध हों।

आंगनबाड़ी केंद्र और आयुष्मान आरोग्य मंदिर का भी निरीक्षण

प्राथमिक विद्यालय के निरीक्षण के बाद जिलाधिकारी ने परिसर में स्थित आंगनबाड़ी केंद्र और आयुष्मान आरोग्य मंदिर का भी निरीक्षण किया।

उन्होंने वहां उपलब्ध स्वास्थ्य सेवाओं और अन्य व्यवस्थाओं की जानकारी ली तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

पंचायत भवन की व्यवस्थाओं को भी देखा

जिलाधिकारी ने बहुउद्देश्यीय पंचायत भवन पलिया मसूदपुर का भी निरीक्षण किया। उन्होंने पंचायत भवन के उपयोग और वहां उपलब्ध व्यवस्थाओं की जानकारी ली।

उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि पंचायत भवन जैसी जनोपयोगी संस्थाओं का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जाए, ताकि ग्रामीणों को सरकारी योजनाओं और सेवाओं से संबंधित सुविधाएं स्थानीय स्तर पर मिल सकें।

यह भी पढ़ें  Barabanki: मनरेगा से खुदे तालाब पर अवैध कब्जा, पाटकर खत्म किया जा रहा अस्तित्व; ग्राम प्रधान ने SDM से की शिकायत

जनोपयोगी संस्थाओं में व्यवस्था सुधारने के निर्देश

निरीक्षण के अंत में जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि विद्यालय, आंगनबाड़ी केंद्र, आयुष्मान आरोग्य मंदिर और पंचायत भवन जैसी जनोपयोगी संस्थाओं में साफ-सफाई, आवश्यक सुविधाओं और व्यवस्थाओं को लगातार बेहतर रखा जाए।

उन्होंने कहा कि इन संस्थाओं का सीधा संबंध ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों और आमजन से है। इसलिए यहां उपलब्ध सेवाओं की गुणवत्ता और व्यवस्थाओं में किसी तरह की लापरवाही नहीं होनी चाहिए।

रिपोर्ट – मंसूफ अहमद 

Barabanki: कथित भूमाफिया उस्मान सिद्दीकी का दुस्साहसिक कारनामा, सरकारी जमीन पर दीवार खड़ी कर सार्वजनिक रास्ते पर लगाया गेट; SDM से शिकायत के बाद भी कार्रवाई सिफ़र

संबंधित खबरें
Kamran Alvi
Author: Kamran Alvi

21404
🗳️ जनता की राय | यूपी 2027

2027 में आप किसे उत्तर प्रदेश का मुख्यमंत्री बनाना चाहते हैं?

सबसे ज्यादा पढ़ी गई