Barabanki: पुलिस पर एकतरफा कार्रवाई का आरोप – एसपी से न्याय की गुहार
बाराबंकी की काशीराम कॉलोनी में दलित महिला और उसके परिवार पर जानलेवा हमला, जातिसूचक गालियां और मारपीट का आरोप। पुलिस कार्रवाई पर सवाल, पीड़िता ने एसपी से की न्याय की मांग।

बाराबंकी, उत्तर प्रदेश | 06 फरवरी 2026
बाराबंकी जिले के कोतवाली नगर क्षेत्र अंतर्गत काशीराम कॉलोनी में मारपीट, जातिसूचक गाली-गलौज और जान से मारने के प्रायस का एक गंभीर मामला सामने आया है। पीड़ित परिवार का आरोप है कि घटना के बाद पुलिस ने निष्पक्ष कार्रवाई करने के बजाए पीड़ित पक्ष को ही हिरासत में ले लिया, जबकि आरोपी खुलेआम घूमते रहे। इससे कॉलोनी में भय और असुरक्षा का माहौल बना हुआ है।
पीड़ित ने एसपी से की लिखित शिकायत
पीड़िता रामदुलारी पत्नी नरेश, निवासी 1/15 काशीराम कॉलोनी, आवास विकास, कोतवाली नगर ने पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय को लिखित प्रार्थना पत्र देकर न्याय की गुहार लगाई है।
घर पहुंचते ही शुरू हुई गाली-गलौज और मारपीट
पीड़िता के अनुसार, 01 फरवरी 2026 को दोपहर करीब 3 बजे, जब वह अपने घर पहुंची, तो कॉलोनी के निवासी निहाल पुत्र गुड्डू, मुनीर, कलीम, अलीम, नेहा, रीना और रन्नो पत्नी गुड्डू उनके पुत्र अजय के साथ गाली-गलौज और मारपीट कर रहे थे। विरोध करने पर आरोपियों ने रामदुलारी को धक्का देकर गिरा दिया और जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए कॉलोनी से बाहर निकालने की धमकी दी।
नातिन से भी मारपीट, लाठी-डंडों और बांके से हमला
घटना के दौरान बचाव में आई पीड़िता की नातिन के साथ भी मारपीट की गई, जिससे उसे चोटें आई। आरोप है कि निहाल और मुनीर अपने घर से लाठी-डंडा और बांका लेकर आए।

निहाल ने बांके से अजय पर जानलेवा हमला किया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल होकर बेहोश हो गया। वही मुनीर ने लाठी से रामदुलारी के सिर पर वार किया, जिससे उसका सिर फट गया और वह भी मौके पर ही बेहोश हो गईं।
मेडिकल हुआ, लेकिन मुकदमा दर्ज नहीं
घटना के बाद पीड़िता अपने पुत्र और नातिन के साथ कोतवाली नगर पहुंची और मामले की शिकायत की। पुलिस ने तीनों का मेडिकल परीक्षण कराया, लेकिन आरोप है कि मुकदमा दर्ज नहीं किया गया और न ही आरोपियों के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई की गई।
दबंग आरोपियों से जान का खतरा
पीड़िता का आरोप है कि आरोपी दबंग किस्म के हैं और पूर्व में आपराधिक मामलों में जेल जा चुके हैं। वर्तमान में आरोपी पक्ष खुलेआम धमकी दे रहा है, जिससे पीड़ित परिवार भय और मानसिक तनाव में जीने को मजबूर है।
जुआ और नशे की गतिविधियों का भी आरोप
पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया है कि कॉलोनी में आरोपी पक्ष की एक महिला द्वारा घर में बैठकर जुआ खिलाने और नशे से जुड़ी गतिविधियां कराई जाती हैं। इस संबंध में पहले भी शिकायत की गईं, लेकिन पुलिस द्वारा कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई।

निष्पक्ष जांच और सख्त कार्रवाई की मांग
पीड़ित परिवार ने पुलिस अधीक्षक से मांग की है कि मामले का तत्काल संज्ञान लेते हुए निष्पक्ष जांच कराई जाए, मुकदमा दर्ज किया जाए और दोषियों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि पीड़ित परिवार को न्याय मिल सके और कॉलोनी में कानून का भय स्थापित हो।
रिपोर्ट – मंसूफ अहमद / उस्मान















