Barabanki

Barabanki: रजबहा कटने से सैकड़ों बीघा आलू की फसल जलमग्न, लाखों का हुआ नुकसान; पीड़ित किसानों ने की मुआवजे की मांग

SHARE:

Barabanki:

बाराबंकी की नवाबगंज तहसील क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत गदिया में रजबहा कटने से किसानों की सैकड़ों बीघा आलू की फसल जलमग्न हो गई। जिससे किसानों को लाखों रुपए का नुकसान होने का अनुमान लगाया जा रहा है। पीड़ित किसान अब सरकार से मुआवजे की मांग कर रहे हैं। पढ़ें पूरी खबर विस्तार से

Barabanki

बाराबंकी, उत्तर प्रदेश।

जिले की नवाबगंज तहसील अंतर्गत ग्राम पंचायत कुरौली में लखनऊ-अयोध्या हाईवे के पास गदिया रजबहा कट जाने से करीब 100 बीघा आलू की फसल पूरी तरह जलमग्न हो गई, जिससे किसानों को लाखों रुपए का नुकसान हुआ है। पीड़ित किसान अब अपने नुक्सान की भरपाई के लिए सरकार से उचित मुआवजे की मांग कर रहे हैं।

 

पानी में डूबकर बर्बाद हुई आलू की फसल 

गदिया निवासी अशोक कुमार, गिरजाकांत, सूरजभान और हरीलाल सहित कई किसानों का आरोप है कि नहर की पूरी तरह सफाई नहीं कराई गई थी, इसके बावजूद सिंचाई विभाग ने उसमें पानी छोड़ दिया। पहले से जमी सिल्ट और अव्यवस्थित बहाव के कारण रजबहा कटने के कारण आसपास के खेतों में पानी भर गया, जिससे उनकी मेहनत से उगाई गई आलू की फसल पानी में डूबकर बर्बाद हो गई। किसानों ने विभागीय लापरवाही को नुकसान का कारण बताया है।

यह भी पढ़ें  Barabanki News: सरकारी भूमि पर लगे आम के हरे-भरे पेड़ो की अवैध कटान, शिकायत के बावजूद कार्रवाई शून्य, अब डीएम और डीएफओ से कार्रवाई की मांग

 

बरौली की जगह खोल दिया कुरौली रजबहा

किसानों से घटना की सूचना मिलने पर ग्राम प्रधान अनिल कुमार ने सिंचाई विभाग के जेई को फोन कर मामले से अवगत कराया। काफी देर बाद जेसीबी मशीन मौके पर पहुंची और नहर की कटी पटरी की मरम्मत की गई, लेकिन तब तक फसल पूरी तरह जलमग्न हो चुकी थी। ग्राम प्रधान अनिल कुमार ने बताया कि विभागीय अधिकारियों ने स्वीकार किया है कि बरौली की जगह गलती से कुरौली रजबहा खोल दी गई थी, जिससे यह समस्या उत्पन्न हुई।

यह भी पढ़ें  Barabanki: 18 जनवरी को सभी बूथों पर सार्वजनिक होगी मतदाता सूची, नाम व विवरण की जांच कर सकेंगे मतदाता

 

अधिशासी अभियंता ने किसानों के सिर फोड़ा ठीकरा

वहीं, सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता राजीव कुमार ने किसानों के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि कुरौली ग्राम पंचायत के किसानों ने स्वयं नहर खोली थी, जिससे यह नुकसान हुआ है। इस घटना के बाद किसानों में गहरा आक्रोश है। वे नहर कटने से हुए हुए अपने लाखों से नुकसान के लिए सरकार से उचित मुआवजे की मांग कर रहे हैं।

यह भी पढ़ें  Barabanki: इंडियन आर्मी में लेफ्टिनेंट बने हर्षवर्धन सिंह, CDS 2025 में 363वीं रैंक हासिल कर बढ़ाया जिले का मान

रिपोर्ट – मंसूफ अहमद

 

संबंधित खबरें
Kamran Alvi
Author: Kamran Alvi

251
🗳️ जनता की राय | यूपी 2027

2027 में आप किसे उत्तर प्रदेश का मुख्यमंत्री बनाना चाहते हैं?

सबसे ज्यादा पढ़ी गई