Barabanki News:
घुंघेटर थाना क्षेत्र के कामीपुर गांव निवासी घातक कमांडो दीपेंद्र प्रताप सिंह के सेवानिवृत्त होकर घर लौटने पर भव्य स्वागत किया गया। तिरंगा यात्रा और देशभक्ति नारों से क्षेत्र गूंज उठा।

बाराबंकी, उत्तर प्रदेश। 01 फरवरी 2026
बाराबंकी जिले के घुंघटेर थाना क्षेत्र अंतर्गत कामीपुर गांव निवासी वीर सैनिक एवं घातक कमांडो दीपेंद्र प्रताप सिंह के सेवानिवृत्त होकर अपने गृह जनपद लौटने पर रविवार को पूरे क्षेत्र में देशभक्ति, सम्मान और उत्साह का अद्भुत नजारा देखने को मिला।
लखनऊ-बाराबंकी सीमा से लेकर उनके पैतृक गांव तक सैकड़ों की संख्या में क्षेत्रवासियों ने अपने वीर सपूत का भव्य स्वागत कर गर्व और सम्मान प्रकट किया।
तिरंगे और नारों के साथ निकली स्वागत यात्रा
स्वागत के दौरान दोपहिया और चारपहिया वाहनों का लंबा काफिला निकाला गया। हाथों में तिरंगा लिए लोग ” भारत माता की जय” और “वंदे मातरम्” के गगनभेदी नारे लगाते हुए आगे बढ़ते रहे।

हनुमान मंदिर पैगरामऊ बेहटा, अनवारी तिराहा, अमरून तिराहा, कुर्सी तिराहा, टिकैतगंज चौराहा, पिंडसावा चौराहा, निगोहा चौराहा और जमुलिया चौराहा सहित कई प्रमुख स्थानों पर स्थानीय नागरिकों ने पुष्पवर्षा कर वीर सैनिक का अभिनंदन किया।
16 वर्षों की सेवा, युवाओं के लिए प्रेरणा
लगभग 16 वर्षों की कठिन सैन्य सेवा के दौरान घातक कमांडो दीपेंद्र प्रताप सिंह ने देश की सुरक्षा के लिए कई चुनौतीपूर्ण और जोखिम भरे अभियानों में भाग लिया। उन्होंने अनेक अवसरों पर अपने प्राणों की परवाह किए बिना राष्ट्रहित में कर्तव्य का निर्वहन किया। उनका साहस, अनुशासन और देशभक्ति आज क्षेत्र के युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बन गई है।
समाज ने दिया सम्मान, जवानों के योगदान को बताया अमूल्य
स्वागत कार्यक्रम में अजय गुप्ता, प्रदीप रावत, सुनील पाल, सोनू यादव, जयपाल यादव, बेधड़क यादव सहित अनेक सम्मानित लोग मौजूद रहें। इसके अलावा राजेश सिंह, सत्येंद्र, अमरनाथ रावत, अमित गुप्ता, ओमप्रकाश पाल, आशीष सोनी समेत बड़ी संख्या में ग्रामीण और युवाओं ने कार्यक्रम में भाग लिया।
सेवानिवृत्त सैनिक के सम्मान में आयोजित इस भव्य समारोह ने यह स्पष्ट संदेश दिया कि देश की सेवा करने वाले जवानों का समाज में सर्वोच्च स्थान है और उनके योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता।
रिपोर्ट – मंसूफ अहमद / ललित राजवंशी















