Barabanki

बाराबंकी में नकली बीज का शिकार बना किसान, धान की फसल में नहीं आया दाना; डीएम से जांच और मुआवजे की लगाई गुहार

SHARE:

बाराबंकी में नकली बीज का शिकार बना किसान

बाराबंकी के मसौली क्षेत्र में किसान ने धान के बीज से 50% फसल खराब होने का आरोप लगाया है। दाना नहीं आने पर किसान ने डीएम से जांच और मुआवजे की मांग की।

बाराबंकी, उत्तर प्रदेश | 08 अक्टूबर 2026

बाराबंकी में एक किसान ने नकली या खराब गुणवत्ता वाले बीज से धान की फसल को भारी नुकसान होने का आरोप लगाया है। किसान का कहना है कि उसने समय पर धान की बोआई की, खेत में खाद-पानी दिया और फसल पर दवाओं का छिड़काव भी किया, लेकिन फसल तैयार होने के समय पौधों में धान का दाना ही नहीं आया।

किसान के मुताबिक, उसके करीब 4 बीघा खेत में बोई गई धान की फसल का लगभग 50 प्रतिशत हिस्सा खराब हो गया है। फसल बर्बाद होने से परेशान किसान ने अब प्रशासन से मामले की जांच कराने, जिम्मेदारी तय करने और नुकसान की भरपाई कराने की मांग की है।

4 किलो धान का बीज खरीदकर 4 बीघा खेत में की थी बोआई

मामला विकासखंड मसौली के ग्राम इन्धौलिया का है। गांव निवासी किसान अवधेश कुमार वर्मा पुत्र रामप्रताप वर्मा ने सहायक विकास अधिकारी (कृषि) बाराबंकी को शिकायत देकर मामले की जांच कराने की मांग की है।

शिकायत के मुताबिक, किसान ने सफदरगंज-बांसा रोड, रेलवे क्रॉसिंग मुश्किनगर स्थित एक दुकान से बायोसीड कंपनी के ‘गजराज मोटा धान’ किस्म का करीब 4 किलो बीज खरीदा था। किसान ने इसी बीज को अपने लगभग 4 बीघा खेत में बोया।

यह भी पढ़ें  Barabanki: महमूदाबाद लखनऊ मार्ग पर भीषण सड़क हादसा, डिवाइडर से टकराई तेज रफ़्तार कार; पांच लोग गंभीर रूप से घायल

किसान का कहना है कि बोआई के बाद उसने फसल की देखभाल में कोई लापरवाही नहीं की। समय पर खाद और पानी देने के साथ फसल में जरूरी दवाओं का भी छिड़काव किया गया।

Barabanki: एक लाख की रंगदारी मांगने वाले यूट्यूबर पर संगीन धाराओं में FIR, पत्रकार को अपमानित करने का भी आरोप; मुकदमा दर्ज होते ही हुआ फरार, तलाश में जुटी पुलिस

फसल पकने के समय सामने आई समस्या

किसान के अनुसार, जब धान की फसल पकने की स्थिति में पहुंची तो खेत की स्थिति देखकर उसके होश उड़ गए। आरोप है कि खेत में धान की अपेक्षित बालियों और दानों के बजाय जंगली घास और जंगलनुमा पौधे अधिक दिखाई दे रहे हैं।

किसान का दावा है कि पौधों में दाना नहीं बना, जिसके चलते उसकी करीब 50 प्रतिशत फसल प्रभावित हुई है।

बाराबंकी में नकली बीज का शिकार बना किसान

बीज में मिलावट और खराब गुणवत्ता का आरोप

अवधेश कुमार वर्मा ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया है कि उसे दुकानदार की ओर से उपलब्ध कराया गया बीज नकली, मिलावटी या घटिया गुणवत्ता का हो सकता है। किसान का कहना है कि बीज की गुणवत्ता खराब होने के कारण उसे भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा।

यह भी पढ़ें  बाराबंकी में सपा की गुटबाजी हुई बेनकाब, विधायक फरीद महफूज किदवई के खिलाफ सोशल मीडिया पर बगावत, 2027 चुनाव से पहले रामनगर सीट पर बढ़ी सियासी सरगर्मी

हालांकि, बीज वास्तव में नकली या मिलावटी था या फसल खराब होने के पीछे कोई अन्य कृषि संबंधी कारण है, इसकी पुष्टि जांच और संबंधित विभाग की तकनीकी रिपोर्ट के बाद ही हो सकेगी।

मेहनत और जमा पूंजी लगाने के बाद फसल खराब होने का दावा

किसान का कहना है कि उसने खेती में अपनी मेहनत के साथ-साथ जमा पूंजी भी लगाई थी। फसल से अच्छी पैदावार की उम्मीद थी, लेकिन दाना नहीं आने के कारण अब उसके सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।

किसान ने प्रशासन से मामले को गंभीरता से लेते हुए खेत का मौके पर निरीक्षण कराने और फसल की वास्तविक स्थिति की जांच कराने की मांग की है।

डीएम से नुकसान की भरपाई कराने की मांग

किसान ने प्रशासन से मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए और यह पता लगाया जाए कि खेत में धान की फसल में दाना क्यों नहीं आया।

साथ ही किसान ने संबंधित दुकानदार और बीज कंपनी की भूमिका की जांच कर जिम्मेदारी तय करने और नियमानुसार कार्रवाई की मांग की है। किसान ने अपनी फसल के नुकसान का उचित मुआवजा दिलाने की भी गुहार लगाई है।

मौके पर फसल का निरीक्षण कराने की मांग

किसान की मांग है कि कृषि विभाग की टीम मौके पर पहुंचकर खेत का निरीक्षण करे और फसल के नमूने लेकर उनकी जांच कराए, ताकि वास्तविक स्थिति सामने आ सके।

यह भी पढ़ें  Barabanki: यूनिफार्म, ब्लैक टाई नहीं तो कार्रवाई! ज़िला बार एसोसिएशन ने प्रशिक्षु अधिवक्ताओं व लॉ स्टूडेंट्स के लिए जारी किए सख्त निर्देश

यदि जांच में बीज की गुणवत्ता में गड़बड़ी या नियमों का उल्लंघन सामने आता है तो संबंधित जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई किए जाने की मांग भी किसान ने की है।

रिपोर्ट – मंसूफ अहमद 

 

संबंधित खबरें
Kamran Alvi
Author: Kamran Alvi

23038
🗳️ जनता की राय | यूपी 2027

2027 में आप किसे उत्तर प्रदेश का मुख्यमंत्री बनाना चाहते हैं?

सबसे ज्यादा पढ़ी गई