बाराबंकी के लोनी कटरा क्षेत्र में तेरहवीं से लौट रहे युवकों से 21 हजार की लूट और मारपीट का मामला सामने आया।
पीड़ितों ने पुलिस पर आरोपी को पहचान के बावजूद छोड़ने का आरोप लगाया, जिससे स्थानीय लोगों में आक्रोश व्याप्त है।

बाराबंकी, उत्तर प्रदेश | 01 मई 2026
बाराबंकी जिले के लोनी कटरा थाना क्षेत्र में एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जहां तेरहवीं संस्कार से लौट रहे कार सवार युवकों को सुनियोजित तरीके से रोककर लूटपाट और मारपीट की गई। इस घटना ने न केवल क्षेत्र में दहशत फैलाई है, बल्कि पुलिस की कार्यशैली पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
‘मदद’ के बहाने रुकवाया, फिर 8-10 लोगों ने किया हमला
पीड़ितों के अनुसार, कोठी थाना क्षेत्र के पीरपुर गांव निवासी सुरजीत वर्मा, ऋषभ वर्मा, आशीष रावत, सक्षम और सुभाष 29 अप्रैल की रात करीब 10:30 बजे बंधवा खेड़ा गांव से तेरहवीं कार्यक्रम से लौट रहे थे।
गांव के बाहर संतोष नामक व्यक्ति और उसके दामाद नीरज ने अपनी स्प्लेंडर बाइक (UP 32 PH 7681) कार के सामने खड़ी कर दी और सड़क पर बेहोश पड़े व्यक्ति की मदद के बहाने उन्हें रोक लिया।
जैसे ही युवक कार से नीचे उतरे, वहां पहले से मौजूद 8-10 लोगों ने उन्हें घेर लिया और गाली-गलौज करते हुए हमला कर दिया।

बेरहमी से पिटाई, सिर फटा—21 हजार रुपये लूटकर फरार
पीड़ितों का आरोप है कि हमलावरों ने लात-घूंसों और डंडों से बेरहमी से मारपीट की, जिसमें आशीष रावत और एक अन्य युवक के सिर में गंभीर चोट आई, जबकि अन्य भी घायल हो गए।
इसके बाद बदमाश कार में रखे करीब 21 हजार रुपये लूटकर जान से मारने की धमकी देते हुए मौके से फरार हो गए।
पहचान के बावजूद आरोपी छोड़ा गया? पुलिस पर गंभीर आरोप
घटना के बाद पीड़ितों ने लोनी कटरा थाने पहुंचकर थाना प्रभारी अभिमन्यु मल्ल को पूरी जानकारी दी। पीड़ितों का आरोप है कि पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो संदिग्धों को हिरासत में लिया, जिनमें से एक घटना में शामिल था।
हालांकि, पीड़ितों द्वारा शिनाख्त करने के बावजूद उस आरोपी को छोड़ दिया गया और उसके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई। इस कथित लापरवाही को लेकर पीड़ितों और स्थानीय लोगों में भारी नाराजगी है।

पुलिस का पक्ष: जांच के बाद होगी कार्रवाई
इस मामले में थाना प्रभारी अभिमन्यु मल्ल ने बताया कि उन्हें घटना की शिकायत प्राप्त हुई है। उन्होंने कहा कि पूरे मामले की जांच की जा रही है और तथ्यों के आधार पर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
कानून व्यवस्था पर उठे सवाल, लोगों में आक्रोश
इस घटना के बाद क्षेत्र में कानून व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि पहचान के बावजूद आरोपियों पर कार्रवाई नहीं होती है, तो इससे अपराधियों के हौसले बुलंद होंगे।
ग्रामीणों ने प्रशासन से निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
सुने पीड़ित का बयान
रिपोर्ट – मंसूफ अहमद













