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Barabanki: उग्र हुआ बंकी ओवरब्रिज आंदोलन, लाठीचार्ज की अफवाहों के बीच उमड़ा जनसैलाब; जनप्रतिनिधियों पर ‘जनहित से गद्दारी’ का आरोप

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Barabanki: बंकी कस्बे में रेलवे क्रॉसिंग 177/बी पर ओवरब्रिज की मांग को लेकर बड़ा आंदोलन।

लाठीचार्ज की अफवाह, भारी पुलिस बल तैनात, देवा रावत हाउस अरेस्ट, जनप्रतिनिधियों पर गंभीर आरोप।

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बाराबंकी, उत्तर प्रदेश | 24 मार्च 2026

कस्बा बंकी में रेलवे क्रॉसिंग 177/बी और पैदल पुल की समस्या अब उग्र रूप लेती जा रही है। भारतीय किसान मजदूर यूनियन-दशहरी के नेतृत्व में सैकड़ों लोगों की भीड़ जब प्रदर्शन के लिए निकली, तो प्रशासन ने उन्हें बीच रास्ते में रोक दिया। इससे मौके पर टकराव जैसे हालात बन गए और माहौल तनावपूर्ण हो गया।

भारी पुलिस बल तैनात, इलाका बना छावनी

आंदोलन के तेज होते ही प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया। नगर कोतवाली प्रभारी सुधीर सिंह, सीओ सिटी, आरपीएफ इंस्पेक्टर समेत कई थानों की पुलिस मौके पर तैनात रही। पूरे इलाके को छावनी में तब्दील कर दिया गया और हर गतिविधि पर कड़ी नजर रखी गई।

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लाठीचार्ज की अफवाह से मची हलचल

प्रदर्शन के दौरान लाठीचार्ज की अफवाह फैलने से मौके पर मौजूद लोगों में हड़कंप मच गया। हालांकि इसके बावजूद प्रदर्शनकारी डटे रहे और अपनी मांगों को लेकर पीछे हटने को तैयार नहीं दिखे।

देवा रावत समेत कई नेता हाउस अरेस्ट

स्थिति को नियंत्रित करने के लिए प्रशासन ने बहुजन आर्मी के राष्ट्रीय अध्यक्ष देवा रावत समेत कई नेताओं को हाउस अरेस्ट कर लिया। इस कार्रवाई से आंदोलनकारियों में और ज्यादा आक्रोश देखने को मिला।

ज्ञापन सौंपकर दोहराई गई ओवरब्रिज और पैदल पुल की मांग

आंदोलनकारियों ने एसडीएम सदर और स्टेशन अधीक्षक को ज्ञापन सौंपकर रेलवे क्रॉसिंग 177/बी पर ओवरब्रिज निर्माण और करीब दो साल पहले तोड़े गए पैदल पुल के पुनर्निर्माण की मांग की।

‘अब आंदोलन नहीं रुकेगा’—निहाल अहमद सिद्दीकी

आंदोलन का नेतृत्व कर रहे निहाल अहमद सिद्दीकी ने कड़े तेवर दिखाते हुए कहा,

“जनता रोज जान जोखिम में डालकर रेलवे लाइन पार कर रही है, लेकिन प्रशासन समस्या सुलझाने के बजाय हमें रोकने में लगा है। अब यह आंदोलन नहीं रुकेगा।”

उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो अनिश्चितकालीन धरना और आमरण अनशन शुरू किया जाएगा।

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कई संगठनों का समर्थन, जनआंदोलन बनने के संकेत

इस आंदोलन को कई किसान और सामाजिक संगठनों का समर्थन मिला। विभिन्न नेताओं ने प्रशासन को चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो यह आंदोलन बड़े जनआंदोलन का रूप ले सकता है।

 

जनप्रतिनिधियों पर भी उठे सवाल

निहाल अहमद सिद्दीकी ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों पर निशाना साधते हुए कहा कि कुछ लोग जनता के मुद्दों पर राजनीति कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे जनप्रतिनिधियों का जनता आगामी समय में बहिष्कार कर सकती है।

बंकी से उठी चिंगारी बन सकती है बड़ा आंदोलन

स्थानीय लोगों का कहना है कि वर्षों से लंबित इस समस्या को नजरअंदाज किया गया है। ऐसे में बंकी से उठी यह आवाज अब बड़े जनआंदोलन का रूप ले सकती है, जिसकी गूंज पूरे जिले में सुनाई दे सकती है।

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रिपोर्ट – मंसूफ अहमद / उस्मान

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Author: Kamran Alvi

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