Barabanki: जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी और एसपी अर्पित विजयवर्गीय ने अफीम की खेती का निरीक्षण किया।
किसानों से संवाद कर उत्पादन बढ़ाने और सुरक्षित प्रक्रिया अपनाने के निर्देश दिए।

बाराबंकी, उत्तर प्रदेश | 02 अप्रैल 2026
बाराबंकी जनपद के तहसील नवाबगंज क्षेत्र अंतर्गत ग्राम मेंहदीपुर मजरे हरख में जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी एवं पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय ने पोस्ता/अफीम की खेती का स्थलीय निरीक्षण किया।
इस दौरान अधिकारियों ने खेतों में पहुंचकर किसानों से सीधे संवाद किया और खेती से जुड़े लाभ व चुनौतियों की जानकारी ली।


जनपद में 5000 से अधिक किसान कर रहे अफीम की खेती
निरीक्षण के दौरान जिला अफीम अधिकारी ने जानकारी दी कि जनपद में कुल 5038 किसान अफीम की खेती कर रहे हैं।
इनमें से 4269 किसान सीपीएस पद्धति के तहत प्रति किसान लगभग 5 एयर भूमि पर खेती कर रहे हैं, जबकि 769 किसान पारंपरिक चीरा विधि से करीब 1 एयर भूमि पर उत्पादन कर रहे हैं।


किसानों को आधुनिक तकनीक अपनाने की सलाह
जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी ने किसानों से संवाद करते हुए कहा कि अफीम की खेती आय का एक महत्वपूर्ण स्रोत है।
उन्होंने किसानों को आधुनिक तकनीकों को अपनाने, उत्पादन की गुणवत्ता सुधारने और अधिक लाभ अर्जित करने के लिए प्रेरित किया।
साथ ही प्रशासन की ओर से हर संभव सहयोग देने का आश्वासन भी दिया।


सुरक्षित भंडारण और पारदर्शिता पर जोर
पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय ने अफीम के संग्रहण, भंडारण और अवशेष निस्तारण की प्रक्रिया को सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से संचालित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि पूरी प्रक्रिया पारदर्शी और नियमों के अनुरूप होनी चाहिए।


अधिकारियों और किसानों की मौजूदगी में हुआ कार्यक्रम
इस मौके पर संबंधित विभागीय अधिकारी और बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।
निरीक्षण के दौरान प्रशासन और किसानों के बीच सीधा संवाद स्थापित होने से कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर चर्चा हुई।
रिपोर्ट – मंसूफ अहमद












