Barabanki News: बाराबंकी जिला बार एसोसिएशन ने विधि छात्रों और प्रशिक्षुओं के लिए यूनिफॉर्म व ब्लैक टाई अनिवार्य की है। 25 सितंबर तक अनुमति-पत्र और विवरण जमा करना होगा।

बाराबंकी, उत्तर प्रदेश | 08 सितंबर 2026
जिला बार एसोसिएशन, बाराबंकी ने विधि छात्रों और अधिवक्ताओं के अधीन प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे प्रशिक्षुओं की अनुशासन व्यवस्था को लेकर सख्त रुख अपनाया है। एसोसिएशन की कैबिनेट बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि किसी भी वरिष्ठ अधिवक्ता के अधीन प्रशिक्षण लेने वाले प्रत्येक विधि छात्र या प्रशिक्षु के लिए निर्धारित यूनिफॉर्म और ब्लैक टाई पहनना अनिवार्य होगा।
इसके साथ ही प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले प्रत्येक विधि छात्र/प्रशिक्षु का जिला बार एसोसिएशन के समक्ष विधिवत विवरण और अनुमति-पत्र उपलब्ध होना भी जरूरी होगा। एसोसिएशन ने इसके लिए 25 सितंबर 2026 की अंतिम समय-सीमा निर्धारित की है।
25 सितंबर तक जमा करना होगा आवेदन और अनुमति-पत्र
जिला बार एसोसिएशन के निर्णय के मुताबिक प्रत्येक विधि छात्र या प्रशिक्षु को अपने संबंधित वरिष्ठ अधिवक्ता द्वारा हस्ताक्षरित लिखित आवेदन/अनुमति-पत्र जमा करना होगा।
यह आवेदन 25 सितंबर 2026 तक जिला बार एसोसिएशन पुस्तकालय में तपेश्वर जी के पास अनिवार्य रूप से जमा किया जाना है।
आवेदन में देनी होगी पूरी जानकारी
अनुमति-पत्र में प्रशिक्षु से संबंधित आवश्यक विवरण दर्ज होना चाहिए। इसमें मुख्य रूप से— नाम, पता, अध्ययनरत सेमेस्टर, विश्वविद्यालय या महाविद्यालय का नाम, संबंधित वरिष्ठ अधिवक्ता की जानकारी/हस्ताक्षर शामिल होंगे।
एसोसिएशन का उद्देश्य प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले विधि छात्रों और प्रशिक्षुओं का व्यवस्थित विवरण उपलब्ध रखना तथा बार परिसर में अनुशासन सुनिश्चित करना बताया गया है।
यूनिफॉर्म और ब्लैक टाई पहनना होगा अनिवार्य
बार एसोसिएशन ने स्पष्ट किया है कि वरिष्ठ अधिवक्ताओं के अधीन प्रशिक्षण लेने वाले प्रत्येक विधि छात्र/प्रशिक्षु को एसोसिएशन द्वारा निर्धारित यूनिफॉर्म और ब्लैक टाई में ही प्रशिक्षण संबंधी गतिविधियों में उपस्थित होना होगा।
यह व्यवस्था सभी प्रशिक्षुओं पर समान रूप से लागू होगी। एसोसिएशन ने किसी भी स्तर पर अनधिकृत प्रशिक्षण अथवा अनुशासनहीनता को स्वीकार नहीं करने की बात कही है।
25 सितंबर के बाद नियम तोड़ने पर होगी कार्रवाई
जिला बार एसोसिएशन ने साफ कर दिया है कि 25 सितंबर 2026 के बाद किसी प्रकार की रियायत नहीं दी जाएगी।
निर्धारित समय-सीमा के बाद यदि कोई व्यक्ति बिना आवेदन/अनुमति-पत्र अथवा बिना पंजीकरण के किसी अधिवक्ता के अधीन प्रशिक्षण करता हुआ पाया जाता है, तो उसके खिलाफ नियमानुसार आवश्यक अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
इसी तरह एसोसिएशन द्वारा निर्धारित यूनिफॉर्म के नियम का उल्लंघन पाए जाने पर भी कार्रवाई की जा सकती है।
सभी के लिए समान होंगे नियम
एसोसिएशन ने स्पष्ट किया है कि नियम सभी के लिए समान रहेंगे। किसी भी व्यक्ति को अनधिकृत रूप से प्रशिक्षण लेने या बार एसोसिएशन के निर्धारित अनुशासन का उल्लंघन करने की अनुमति नहीं होगी।
इस निर्णय के बाद वरिष्ठ अधिवक्ताओं की भी जिम्मेदारी तय की गई है कि वे अपने अधीन प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे सभी विधि छात्रों और प्रशिक्षुओं का विवरण समय सीमा के भीतर एसोसिएशन को उपलब्ध कराएं।
वरिष्ठ अधिवक्ताओं से नियमों का पालन कराने की अपील
कैबिनेट ने सभी वरिष्ठ अधिवक्ताओं से अपेक्षा की है कि वे अपने अधीन प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे विधि छात्रों/प्रशिक्षुओं का पूरा विवरण निर्धारित समय सीमा में जमा कराएं।
साथ ही वरिष्ठ अधिवक्ताओं से यह भी कहा गया है कि वे अपने अधीन प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले छात्रों को बार एसोसिएशन द्वारा निर्धारित यूनिफॉर्म, ब्लैक टाई, अनुमति और पंजीकरण संबंधी नियमों का पालन सुनिश्चित कराएं।
तत्काल प्रभाव से लागू हुई व्यवस्था
जिला बार एसोसिएशन, बाराबंकी के अनुसार यह व्यवस्था तत्काल प्रभाव से लागू कर दी गई है। 25 सितंबर की समय-सीमा समाप्त होने के बाद नियमों के उल्लंघन पर किसी प्रकार की ढिलाई नहीं बरती जाएगी।
एसोसिएशन के इस फैसले से बार परिसर में प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले विधि छात्रों और प्रशिक्षुओं के लिए अब अनुमति, विवरण और निर्धारित ड्रेस कोड का पालन अनिवार्य हो गया है।
बैठक में ये पदाधिकारी और सदस्य रहे मौजूद
कैबिनेट बैठक में जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष रमन लाल द्विवेदी, महामंत्री प्रदीप श्रीवास्तव, वरिष्ठ उपाध्यक्ष दिलीप कुमार गुप्ता, उपाध्यक्ष प्रथम रामकुमार वर्मा, मंत्री प्रशासन प्रणय बाजपेई, मंत्री प्रकाशन अमित सिंह सूर्यवंशी, मंत्री पुस्तकालय रूबी सिंह सहित सतीश कुमार जायसवाल, रुद्र प्रताप सिंह, रमाकांत शुक्ला, पूर्णिमा गुप्ता, सांत्वना सिंह वर्मा, सोनू कुमार वर्मा, नमिता पंकज और अनीता सिंह समेत अन्य सदस्य मौजूद रहे।
रिपोर्ट – मंसूफ अहमद












